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oi-Siddharth Purohit
VISA Free Countries: Indian Passport Holders के लिए एक अच्छी खबर सामने आई है। अब भारतीय नागरिक 56 देशों की यात्रा बिना पहले से वीज़ा अप्लाई किए कर सकते हैं। इन देशों में या तो पूरी तरह वीजा-फ्री एंट्री मिलती है या फिर वीजा-ऑन-अराइवल (VOA) या इलेक्ट्रॉनिक ट्रैवल अथॉरिटी (ETA) की सुविधा दी जाती है। जनवरी में यह संख्या 55 थी, जो अब बढ़कर 56 हो गई है। हालांकि 2025 में 57 देशों तक पहुंच का लक्ष्य बताया गया था, उससे यह संख्या एक कम है, लेकिन फिर भी यह भारत के लिए एक पॉजिटिव अपडेट है।
दो देशों ने डाला अड़ंगा
जनवरी में ईरान और बोलीविया के वीज़ा नियमों में बदलाव के कारण भारतीय पासपोर्ट की पहुंच में थोड़ी गिरावट आई थी। लेकिन बाद में गाम्बिया तक दोबारा वीजा-फ्री पहुंच मिलने से कुल संख्या फिर बढ़कर 56 हो गई। खास बात यह है कि जब कई देशों की ग्लोबल ट्रैवल फ्रीडम कम हुई है, तब भारत ने अपनी स्थिति मजबूत बनाए रखी है।

क्या है हेनले पासपोर्ट इंडेक्स?
हेनले पासपोर्ट इंडेक्स, जो इंटरनेशनल एयर ट्रांसपोर्ट एसोसिएशन (IATA) के डेटा का इस्तेमाल करता है, दुनिया के 199 पासपोर्टों को 227 डेस्टिनेशन तक पहुंच के आधार पर रैंक करता है। जिस देश में वीज़ा-फ्री, वीज़ा-ऑन-अराइवल या ETA से एंट्री मिलती है, वहां 1 अंक दिया जाता है। जहां पहले से वीज़ा अप्रूवल जरूरी होता है, वहां 0 अंक मिलते हैं। जितना ज्यादा स्कोर, उतनी ज्यादा ट्रैवल फ्रीडम।
ग्लोबल रैंकिंग में कौन आगे?
वैश्विक स्तर पर सिंगापुर 192 देशों तक वीज़ा-फ्री या आसान एंट्री के साथ पहले स्थान पर है। इसके बाद जापान और दक्षिण कोरिया (187 देश) हैं। स्वीडन और संयुक्त अरब अमीरात 186 देशों के साथ अगली पोजीशन पर हैं। फ्रांस, जर्मनी, इटली, स्पेन और अमेरिका जैसे विकसित देश भी अपनी मजबूत ग्लोबल मोबिलिटी बनाए हुए हैं।
भारतीय यात्रियों के लिए क्यों है खास?
यह नई रैंकिंग भारतीय यात्रियों के लिए काफी मायने रखती है। वीज़ा-फ्री देशों में ट्रैवल करना आसान होता है, क्योंकि पहले से लंबी प्रोसेस या इंटरव्यू की जरूरत नहीं होती। इससे अचानक ट्रिप प्लान करना, फैमिली वेकेशन या बिजनेस ट्रैवल करना आसान हो जाता है। इन 56 देशों में एशिया, अफ्रीका, कैरेबियन और ओशिनिया के कई खूबसूरत और पॉपुलर डेस्टिनेशन शामिल हैं, जहां दो हफ्तों से लेकर कई महीनों तक ठहरने की अनुमति मिल सकती है।
VOA और ETA से मिलता है फ्लेक्सिबिलिटी
वीज़ा-ऑन-अराइवल (VOA) और इलेक्ट्रॉनिक ट्रैवल अथॉरिटी (ETA) भी यात्रियों को काफी सुविधा देते हैं। VOA में आप देश पहुंचने के बाद एयरपोर्ट या बॉर्डर पर वीज़ा ले सकते हैं, जबकि ETA के लिए ऑनलाइन अप्लाई करना होता है। हालांकि ट्रैवल से पहले एंट्री नियम, फीस और रहने की अवधि जरूर चेक करनी चाहिए, क्योंकि हर देश के नियम अलग हो सकते हैं।
दुनिय एक्सप्लोर करने का मौका
यह बढ़ी हुई ट्रैवल फ्रीडम भारतीय युवाओं और यात्रियों के लिए नए एक्सप्लोर करने के मौके लेकर आई है। चाहे आप वेकेशन प्लान कर रहे हों, बिजनेस ट्रिप हो या कल्चरल एक्सचेंज-अब इंटरनेशनल ट्रैवल पहले से ज्यादा आसान, फ्लेक्सिबल और एक्सेसिबल हो गया है।
यहां है 56 देशों की पूरी लिस्ट
भारतीय नागरिक जिन 56 देशों में वीजा-फ्री, वीज़ा-ऑन-अराइवल (VOA) या ETA के जरिए एंट्री ले सकते हैं, उनकी पूरी सूची नीचे दी है:
अंगोला (वीजा-फ्री),
बारबाडोस (वीजा-फ्री),
भूटान (वीजा-फ्री),
ब्रिटिश वर्जिन आइलैंड्स (वीजा-फ्री),
बुरुंडी (VOA),
कंबोडिया (VOA),
केप वर्डे आइलैंड्स (VOA),
कोमोरो आइलैंड्स (VOA),
कुक आइलैंड्स (वीजा-फ्री),
जिबूती (VOA), डोमिनिका (वीजा-फ्री),
इथियोपिया (VOA),
फिजी (वीजा-फ्री),
ग्रेनेडा (वीजा-फ्री),
गिनी-बिसाऊ (VOA),
हैती (वीजा-फ्री),
इंडोनेशिया (VOA),
जमैका (वीजा-फ्री),
जॉर्डन (VOA),
कज़ाकिस्तान (वीजा-फ्री),
केन्या (वीजा-फ्री),
किरिबाती (वीजा-फ्री),
लाओस (VOA),
मकाऊ (SAR चीन, वीजा-फ्री),
मेडागास्कर (VOA),
मलेशिया (वीजा-फ्री),
मालदीव (VOA),
मार्शल आइलैंड्स (VOA),
मॉरीशस (वीजा-फ्री),
माइक्रोनेशिया (वीजा-फ्री),
मंगोलिया (VOA),
मोंटसेराट (वीजा-फ्री),
मोजाम्बिक (VOA),
म्यांमार (वीजा-फ्री),
नेपाल (वीजा-फ्री),
नियू (वीजा-फ्री),
पलाऊ आइलैंड्स (VOA),
फिलीपींस (VOA), कतर (VOA),
रवांडा (वीजा-फ्री),
समोआ (VOA),
सेनेगल (वीजा-फ्री),
सेशेल्स (ETA),
सिएरा लियोन (VOA),
सोमालिया (VOA),
श्रीलंका (VOA),
सेंट किट्स एंड नेविस (वीजा-फ्री),
सेंट लूसिया (VOA),
सेंट विंसेंट एंड ग्रेनाडाइन्स (वीजा-फ्री),
तंजानिया (VOA),
थाईलैंड (वीजा-फ्री),
गाम्बिया (वीजा-फ्री),
तिमोर-लेस्ते (VOA),
त्रिनिदाद एंड टोबैगो (वीजा-फ्री),
तुवालु (VOA),
वानुअतु (वीजा-फ्री)
अगर आप 2026 में इंटरनेशनल ट्रिप प्लान कर रहे हैं, तो यह अपडेट आपके लिए गेम-चेंजर साबित हो सकता है।
कहां-कहां भारी है भारतीय रुपया?
कंबोडिया में 1 भारतीय रुपए 44 कंबोडियन रिएल के बराबर होता है। वहीं श्रीलंका में हमारे हजार रुपए तकरीबन साढ़े तीन हजार रुपए हो जाते हैं। वहीं कजाकिस्तान में 1 भारतीय रुपए तकरीबन साढ़े पांच टेंज का हो जाता है। जबकि 1 भारतीय रुपए की कीमत इंडोनिशा में 185 रूपिया से ज्यादा होती है। ऐसे ही कई और देश हैं जहां घूमना आपके लिए आसान और किफायती होगा।
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