International
oi-Sumit Jha
Indian
Embassy
Security:
ढाका
में
भारतीय
दूतावास
की
सुरक्षा
को
लेकर
उपजे
हालिया
हालात
ने
भारत-बांग्लादेश
संबंधों
में
नई
चिंता
पैदा
कर
दी
है।
भारतीय
मिशन
के
बाहर
लगातार
हो
रहे
विरोध
प्रदर्शनों
और
कुछ
बांग्लादेशी
नेताओं
की
भारत-विरोधी
बयानबाजी
के
बीच
भारत
सरकार
ने
कूटनीतिक
सख्ती
दिखाई
है।
इसी
क्रम
में
दिल्ली
में
बांग्लादेश
के
उच्चायुक्त
को
तलब
कर
भारत
ने
अपनी
गंभीर
आपत्तियां
दर्ज
कराईं।
यह
घटनाक्रम
ऐसे
समय
सामने
आया
है,
जब
दोनों
देशों
के
ऐतिहासिक
और
रणनीतिक
रिश्ते
संवेदनशील
दौर
से
गुजर
रहे
हैं।

विदेश
मंत्रालय
का
कड़ा
रुख
भारत
के
विदेश
मंत्रालय
ने
बांग्लादेश
के
उच्चायुक्त
एम.
रियाज
हमीदुल्लाह
को
बुलाकर
स्पष्ट
संदेश
दिया
कि
भारतीय
दूतावास
और
वहां
कार्यरत
राजनयिकों
की
सुरक्षा
किसी
भी
हाल
में
सुनिश्चित
की
जानी
चाहिए।
मंत्रालय
ने
ढाका
में
हाल
के
घटनाक्रमों
पर
गहरी
चिंता
जताई
और
कहा
कि
मेज़बान
देश
की
यह
अंतरराष्ट्रीय
जिम्मेदारी
है।
भारत
ने
यह
भी
संकेत
दिया
कि
इस
तरह
की
घटनाएं
द्विपक्षीय
संबंधों
को
नुकसान
पहुंचा
सकती
हैं।
ये
भी
पढे़ं:
Bangladesh:
भारत
के
खिलाफ
जहर
उगलने
वाले
Usman
Hadi
को
सिर
में
मारी
गोली,
नॉर्थ
ईस्ट
पर
कब्जे
का
था
सपना
दूतावास
के
बाहर
प्रदर्शन
से
बढ़ी
चिंता
सूत्रों
के
अनुसार,
ढाका
स्थित
भारतीय
मिशन
के
बाहर
पिछले
कुछ
दिनों
से
लगातार
विरोध
प्रदर्शन
हो
रहे
थे।
इन
प्रदर्शनों
के
कारण
दूतावास
की
सुरक्षा
व्यवस्था
पर
सवाल
खड़े
हुए
हैं।
भारत
का
मानना
है
कि
किसी
भी
विदेशी
मिशन
के
खिलाफ
इस
तरह
का
माहौल
न
केवल
सुरक्षा
जोखिम
पैदा
करता
है,
बल्कि
अंतरराष्ट्रीय
कूटनीतिक
नियमों
का
भी
उल्लंघन
है।
इसी
वजह
से
भारत
ने
बांग्लादेश
सरकार
से
स्थिति
स्पष्ट
करने
को
कहा
है।
भारत-विरोधी
बयानबाजी
ने
बढ़ाया
तनाव
मामला
तब
और
संवेदनशील
हो
गया
जब
बांग्लादेश
की
नेशनल
सिटिजन्स
पार्टी
के
नेता
हसनत
अब्दुल्लाह
के
भारत-विरोधी
बयान
सामने
आए।
उन्होंने
सार्वजनिक
मंच
से
भारत
के
उत्तर-पूर्वी
राज्यों
को
अलग-थलग
करने
और
अलगाववादी
तत्वों
को
समर्थन
देने
जैसी
बातें
कहीं।
भारत
इन
बयानों
को
गंभीर
उकसावे
के
रूप
में
देख
रहा
है।
ऐसे
वक्तव्य
दोनों
देशों
के
बीच
विश्वास
को
कमजोर
करते
हैं
और
क्षेत्रीय
स्थिरता
के
लिए
खतरा
बन
सकते
हैं।
ये
भी
पढे़ं:
Bangladesh
Election
2025:
बांग्लादेश
में
चुनावी
बिगुल!
हसीना
सरकार
पतन
के
बाद
आज
होगा
नई
चुनावी
तारीख
का
ऐलान
विजय
दिवस
के
बाद
कूटनीतिक
संदेश
यह
पूरा
घटनाक्रम
बांग्लादेश
के
विजय
दिवस
के
तुरंत
बाद
सामने
आया
है,
जो
भारत
और
बांग्लादेश
के
साझा
इतिहास
का
प्रतीक
माना
जाता
है।
1971
के
युद्ध
में
भारत
की
भूमिका
को
याद
करते
हुए
यह
दिन
दोनों
देशों
के
रिश्तों
की
मजबूती
का
संकेत
देता
है।
ऐसे
समय
में
सुरक्षा
और
बयानबाजी
से
जुड़े
विवाद
सामने
आना
कूटनीतिक
रूप
से
बेहद
संवेदनशील
है,
जिस
पर
दोनों
देशों
को
संयम
और
जिम्मेदारी
से
कदम
उठाने
की
जरूरत
है।
ये
भी
पढे़ं:
Bangladesh:
अर्थशास्त्री
बने
घूम
रहे
यूनुस
ने
डुबोई
इकोनॉमी!
पाकिस्तान
की
तरह
कंगाली
की
राह
पर
ढाका

ऑनलाइन निवेश बना ठगी का जाल, कैसे नए जमाने के फ्रॉड भारतीयों को बना रहे निशाना, सरकार क्या कर रही है?

Introducing HR For You Our New HR Ticketing System

Payal Gaming Dubai MMS Leak: कौन हैं पायल, जिसका 1 Minute 20 Second का क्लिप वायरल? जानें सच

MMS Leak 2 Minute 17 Second New Video Viral: लड़की बोली- ‘हवसी-हैवान…शेयर करना मना है’

Sanjay Saraogi Caste: किस जाति से हैं संजय सरावगी, जो बने बिहार BJP के अध्यक्ष, परिवार में कौन-कौन?

Dharmendra की मौत के बाद हेमा मालिनी और सौतेले बेटे सनी देओल के बीच ये क्या हुआ? पब्लिक के सामने आ गई ऐसी बात

IND vs SA 4th T20: कब और कहां खेला जाएगा चौथा टी-20 मैच? प्लेइंग इलेवन में हो सकते हैं बड़े बदलाव!

MMS 6 Viral Video: 2025 में 6 प्राइवेट वीडियोज ने मचाई ऐसी तबाही, बर्बाद हुई कई जिंदगी, सामने आया खौफनाक सच

19 Minute Viral MMS Video: Sweet Zannat पर सनसनीखेज खुलासा, कौन है वीडियो में दिख रहा कपल? जानें पूरा सच

Mumbai local train: खुशखबरी, इस रूट पर खुल गए दो नए स्टेशन, शुरू हुई 5 अतिरिक्त लोकल ट्रेन, देखें टाइमटेबल

धर्मेंद्र की मौत के 21 दिन बाद साथ दिखीं प्रकाश कौर-हेमा मालिनी, दोनों पत्नियों के बीच ये क्या हुआ?

प्रेमानंद महाराज ने अपनी मृत्यु को लेकर कही दिल दहला देने वाली बात, ये 2 लाइनें सुन खड़े हो जाएंगे रोंगटे…

























