पीली साड़ी वाली महिला का चोरी करते हुए लाइव वीडियोImage Credit source: Instagram/@activist_karimansari
अगर आप भी रोजाना दिल्ली मेट्रो में सफर करते हैं और खुद को सुरक्षित मानते हैं, तो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा यह वीडियो आपको हैरान कर देगा. राजीव चौक जैसे व्यस्त स्टेशनों पर कैसे पलक झपकते ही शातिर चोर गैंग आपका सामान साफ कर देता है, इसकी एक बानगी इस वीडियो में साफ देखी जा सकती है. आइए जानते हैं कि कैसे ये चोर भीड़ का फायदा उठाकर यात्रियों को अपना शिकार बनाते हैं.
दिल्ली मेट्रो में कैसे होती है शातिर चोरों की एंट्री?
वायरल हो रहे इस वीडियो में दिखाया गया है कि कैसे मेट्रो के दरवाजों पर यात्रियों के चढ़ने और उतरने के दौरान भारी भीड़ इकट्ठा हो जाती है. इस धक्का-मुक्की और अफरा-तफरी का फायदा उठाने के लिए पेशेवर चोर पहले से ही घात लगाकर खड़े रहते हैं. वीडियो में साफ नजर आता है कि जैसे ही लोग एक-दूसरे को धक्का देते हुए अंदर जाने की कोशिश करते हैं, वैसे ही चोर एक्टिव हो जाते हैं.
पीली साड़ी वाली महिला का चोरी करते हुए लाइव वीडियो
वायरल क्लिप में देखा जा सकता है कि पीली साड़ी पहनी एक महिला मेट्रो में चढ़ रही एक अन्य महिला यात्री के पर्स में बड़े शातिर तरीके से अपना हाथ डालती है. उसे पूरा यकीन होता है कि वह पर्स से कीमती सामान या नकदी चुरा लेगी. लेकिन, तभी उसकी नजर अचानक कैमरे पर पड़ जाती है. जैसे ही उसका ध्यान कैमरे की तरफ जाता है, वह तुरंत अपना हाथ बैग से बाहर खींच लेती है और ऐसा मासूम बनने का नाटक करती है जैसे उसने कुछ किया ही नहीं हो.
सोशल मीडिया पर लोगों का फूटा गुस्सा
इंस्टाग्राम पर @activist_karimansari नाम के अकाउंट से शेयर किए गए इस वीडियो को लाखों लोग देख चुके हैं. वीडियो सामने आने के बाद सोशल मीडिया यूजर्स अपनी तीखी प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं. एक भड़के यूजर ने कमेंट किया, ऐसी महिलाओं को फौरन पकड़कर सबक सिखाया जाना चाहिए. दूसरे ने कहा, अगर कैमरे पर नजर नहीं गई होती, तो रंगे हाथों पकड़ी गई होती. कई अन्य यूजर्स का कहना है कि सिर्फ राजीव चौक ही नहीं, बल्कि कनॉट प्लेस, कश्मीरी गेट और चांदनी चौक जैसे मेट्रो स्टेशन पर भी यही हाल है. यह भी पढ़ें:Viral Video: दिल्ली मेट्रो में दिखा गजब का जुगाड़, गीले कपड़े टांगकर बना दी कोच को अपनी कपड़े सुखाने की जगह
यहां देखिए वायरल वीडियो
Disclaimer: यह खबर वायरल सोशल मीडिया पोस्ट और नेटिजन्स की प्रतिक्रियाओं पर आधारित है. टीवी9 भारतवर्ष इस पोस्ट में किए गए किसी भी प्रकार के दावे की प्रामाणिकता की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं करता है.
